आगरा में रखी गईं कोरोना काल में ज्ञात-अज्ञात मृतकों की अस्थियां. इनके लिए श्रीमद्भागवत कथा हो रही है. – UP News Express

UP News Express

Latest Online Breaking News

आगरा में रखी गईं कोरोना काल में ज्ञात-अज्ञात मृतकों की अस्थियां. इनके लिए श्रीमद्भागवत कथा हो रही है.

😊 Please Share This News 😊

श्रीमद् भागवत कथा के बाद होगा अस्थियों का विसर्जन

ब्यूरो चीफ मनीष अल्वी

सिर पर कलश रख कर भक्ति गीत गाती महिलाएं। देवी-देवताओं के जयघोष करते श्रद्धालु। हाथ में लगी धर्म ध्वजा के साथ कलश यात्रा निकाली गई, जिसका स्थान-स्थान पर पुष्प वर्षा कर स्वागत किया गया। शक्ति सुशील मंदिर, बल्केश्वर चौराहा से मंगलवार को निकाली गई इस कलश यात्रा का शुभारंभ उप्र लघु उद्योग निगम लिमिटेड के उपाध्यक्ष व लघु उद्योग भारती अभा संयुक्त महामंत्री राकेश गर्ग ने धर्म ध्वजा लहरा कर किया। उनके साथ सेंट एंड्रूज स्कूल के डा.गिरधर शर्मा, नितेश अग्रवाल, पार्षद प्रदीप अग्रवाल, पार्षद अमित ग्वाला, नरेंद्र तनेजा, आदर्श नंदन गुप्ता, चंद्रेश गर्ग, वीके अग्रवाल थे। वहां से बैंड बाजों के साथ यह कलश यात्रा शुरू हुई। परिधान पहने महिलाएं कलश लेकर शामिल थीं, जिनका नेतृत्व ममता सिंघल कर रही थीं। सिर पर भागवत पुराण लेकर मुख्य यजमान अतुल गुप्ता चल रहे थे। कलश यात्रा प्रभारी रिंकू गर्ग व चंद्रभान कहरवार व्यवस्था संभाले हुए थे। विभिन्न मार्गों से होती हुई कलश यात्रा आयोजन स्थल, बल्केश्वर के पार्वती घाट के सकारात्मक भवन पर पहुंची। जहाँ व्यास पीठ के समक्ष कलश स्थापित किये गए।

ये लोग रहे शामिल
कलश यात्रा में रमन अग्रवाल, रवि चावला, सुरेश कंसल, विनीत अरोरा, नागेंद्र अगवाल, सोनू मित्तल, अतुल गर्ग, कृष्ण कुमार गुड्डू, विकास अग्रवाल, सुधीर अग्रवाल, निशा सिंघल,नीरू शर्मा, कुमकुम उपाध्याय आदि शामिल रहे। सकारात्मक फाउंडेशन के अध्यक्ष चंद्रेश गर्ग के अनुसार बुधवार को श्रीमद् भागवत कथा का प्रथम दिन है। भागवकथा में पहले दिन महत्व बताया जाएगा। कथा का समय प्रतिदिन दोपहर एक बजे से शाम पांच बजे तक रहेगा।

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें 

स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे

Donate Now

[responsive-slider id=1466]

लाइव कैलेंडर

May 2022
M T W T F S S
 1
2345678
9101112131415
16171819202122
23242526272829
3031  
error: Content is protected !!