दूध प्लांट में अमोनिया गैस लीक फसे 25 कर्मचारियों को बाहर निकाला गया दो की हालत गंभीर – UP News Express

UP News Express

Latest Online Breaking News

दूध प्लांट में अमोनिया गैस लीक फसे 25 कर्मचारियों को बाहर निकाला गया दो की हालत गंभीर

😊 Please Share This News 😊

यूपी न्यूज एक्सप्रेस/ब्यूरो
अभिषेक गुप्ता

गाजियाबाद औद्योगिक क्षेत्र साइट चार साहिबाबाद स्थित पारस कंपनी के दूध प्लांट में सोमवार रात वाल्व लीक होने से अमोनिया गैस का रिसाव हो गया। प्लांट में 25 कर्मचारी फंस गए। दमकल विभाग के टीम ने ब्रीदिंग ऑपरेटर सेट पहनकर सभी को बाहर निकाला। दो कर्मचारियों की हालत बिगड़ने पर उन्हें कौशांबी के यशोदा अस्पताल में भर्ती कराया गया है। जहां उनका इलाज चल रहा है।
सोमवार रात करीब नौ बजे पारस दूध के प्लांट में वाल्व लीक होने से अमोनिया गैस का रिसाव हो गया। गैस रिसने से कर्मचारियों को बेहोशी छाने लगी। शोर मचाकर उन्होंने प्रबंधन को सूचित किया। तत्काल दमकल विभाग को मामले की सूचना दी गयी। मुख्य अग्निशमन अधिकारी(सीएफओ) सुनील कुमार सिंह अपनी टीम के साथ ब्रीदिंग ऑपरेटर सेट पहनकर प्लांट में दाखिल हुए और फंसे 25 कर्मचारियों को बाहर निकाला।

 


बाहर आने के दौरान सीएफओ सुनील कुमार सिंह, दमकलकर्मी योगेंद्र, नेत्रपाल, मानसिंह, मनवीर सिंह और पीयूष बेहोश हो गए। सभी को पानी पिलाया गया, जिसके बाद उन्हें होश आया। विभाग की दूसरी टीम ने वॉल्व की लीकेज को ठीक किया। बाहर निकाले गये कर्मचारियों में से दो की हालत बिगड़ने पर उन्हें यशोदा अस्पताल में भर्ती कराया गया। सीएफओ सुनील कुमार सिंह के अनुसार प्लांट में दूध को ठंडा करने के लिए अमोनिया गैस का प्रयोग होता है। इसका रिसाव कैसे हुआ इसकी जांच की जा रही है। जांच के बाद कार्रवाई होगी। अग्निशमन विभाग के उपनिदेशक अमन शर्मा ने फोन करके कर्मचारियों व हालात की स्थिति जानी।
कर्मचारियों की आपबीती
रामनिवास ने बताया कि कंपनी में मैं काम कर रहा था। वाहन में दूध रखने के लिए मैंने कैरेट उठाए हुए थे। इसी दौरान सांस लेने में दिक्कत होने लगी और आंखों से आंसू निकलने लगे। कुछ समझ में नहीं आया। इस दौरान भगदड़ मच गई और मैं भी अपनी जान बचाकर फैक्ट्री से बाहर भागा। भोला ने कहा कि अचानक आंखों में जलन और सांस लेने में दिक्कत हुई। पूरी फैक्ट्री में भगदड़ मच गई और मैं घबरा गया। मेरे साथ काम कर रहे कुछ लोग भागने के दौरान गिर गए। मुझे लगा कि मैं जीवित नहीं बचूंगा लेकिन किसी तरह भागकर अपनी जान बचाई

व्हाट्सप्प आइकान को दबा कर इस खबर को शेयर जरूर करें 

स्वतंत्र और सच्ची पत्रकारिता के लिए ज़रूरी है कि वो कॉरपोरेट और राजनैतिक नियंत्रण से मुक्त हो। ऐसा तभी संभव है जब जनता आगे आए और सहयोग करे

Donate Now

[responsive-slider id=1466]

लाइव कैलेंडर

October 2021
M T W T F S S
 123
45678910
11121314151617
18192021222324
25262728293031
error: Content is protected !!